सांस्कृतिक प्रस्तुतियों के बीच नशा मुक्ति का संदेश, जनजागरूकता अभियान संपन्न

देहरादून/कालाढूंगी। सूचना एवं प्रसारण मंत्रालय, भारत सरकार के केंद्रीय संचार ब्यूरो के क्षेत्रीय कार्यालय, नैनीताल द्वारा आयोजित दो दिवसीय एकीकृत संचार एवं आउटरीच कार्यक्रम का पीएम श्री राजकीय इंटर कॉलेज, कालाढूंगी में उत्साहपूर्ण वातावरण के बीच समापन हो गया। कार्यक्रम का मुख्य विषय ‘विकसित भारत-रोजगार एवं आजीविका मिशन ग्रामीण’ तथा ‘नशा मुक्त भारत अभियान’ रहा, जिसके माध्यम से युवाओं और छात्रों को केंद्र सरकार की जनकल्याणकारी योजनाओं एवं सामाजिक अभियानों से अवगत कराया गया।
कार्यक्रम में केंद्र सरकार की विभिन्न योजनाओं एवं अभियानों पर आधारित आकर्षक चित्र प्रदर्शनी लगाई गई। छात्रों के लिए आयोजित प्रश्नोत्तरी प्रतियोगिता में संजना, सचिन, हर्षित, रूप, हिमानी, योगेश और नितिन ने उत्कृष्ट प्रदर्शन करते हुए सही उत्तर दिए और आकर्षक पुरस्कार प्राप्त किए। चित्रकला एवं पोस्टर प्रतियोगिताओं में भी विद्यार्थियों ने अपनी रचनात्मक प्रतिभा का शानदार प्रदर्शन किया। गोस्वामी सरस्वती विद्या मंदिर के बालिका वर्ग में नेहा शाह प्रथम, शुभांगी द्वितीय और साक्षी विष्णु तृतीय स्थान पर रहीं। वहीं ‘विकसित भारत’ विषय पर आयोजित बालक वर्ग प्रतियोगिता में हर्षित सैनी ने प्रथम, बिलाल ने द्वितीय तथा फैजान ने तृतीय स्थान हासिल किया।
पोस्टर प्रतियोगिता में सत्य बिष्ट प्रथम, महक बिष्ट द्वितीय और रचना मेरा तृतीय स्थान पर रहीं। कार्यक्रम में स्थानीय कलाकारों और छात्र-छात्राओं ने रंगारंग सांस्कृतिक प्रस्तुतियों से समां बांध दिया। निधि डबल, तमन्ना बिष्ट और अंजली पांडे ने कुमाऊनी लोक संस्कृति पर आधारित मनमोहक नृत्य प्रस्तुत कर दर्शकों की खूब सराहना बटोरी। वहीं सांस्कृतिक कला उत्थान समिति, खुरपा ताल के कलाकारों ने पारंपरिक कुमाऊनी लोक प्रस्तुतियों के माध्यम से क्षेत्र की समृद्ध सांस्कृतिक विरासत को जीवंत किया।
समापन समारोह का सबसे प्रभावशाली आकर्षण केंद्रीय संचार ब्यूरो, नैनीताल के कलाकारों द्वारा प्रस्तुत नशा विरोधी नाटक ‘पुनर्वास की आस’ रहा। नाटक के माध्यम से नशे के दुष्परिणामों को मार्मिक ढंग से प्रस्तुत करते हुए युवाओं को नशे से दूर रहने और नशा मुक्त समाज के निर्माण में भागीदारी का संदेश दिया गया। सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र, कालाढूंगी की चिकित्सक डॉ. प्रियंका कांडपाल ने विद्यार्थियों को संबोधित करते हुए कहा कि “नशा एक बीमारी है। इससे दूर रहकर ही हम स्वस्थ समाज और सशक्त राष्ट्र के निर्माण में अपनी सार्थक भूमिका निभा सकते हैं।”
दो दिवसीय इस जनजागरूकता कार्यक्रम ने युवाओं और विद्यार्थियों को केंद्र सरकार की विकासोन्मुखी योजनाओं से जोड़ने के साथ-साथ उन्हें स्वस्थ, जागरूक और नशा-मुक्त भारत के निर्माण का संकल्प भी दिलाया।




